कच्चे तेल में उबाल के बावजूद भारत में ईंधन सस्ता: HPCL ने पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस की कीमतों पर दी बड़ी राहत


नई दिल्ली: वैश्विक स्तर पर बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतें आसमान छू रही हैं। ब्रेंट क्रूड 120 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच चुका है, लेकिन भारतीय उपभोक्ताओं के लिए सुखद खबर है। सार्वजनिक क्षेत्र की दिग्गज तेल कंपनी हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) ने स्पष्ट कर दिया है कि घरेलू बाजार में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के दामों में फिलहाल कोई बढ़ोत्तरी नहीं की जाएगी।

वैश्विक संकट: क्यों बढ़ रही हैं तेल की कीमतें?
दुनिया भर में ईंधन की आपूर्ति बाधित होने के पीछे कई बड़े अंतरराष्ट्रीय कारण हैं:
  • मिडिल ईस्ट में संघर्ष: ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव और 'होर्मुज जलडमरूमध्य' (Strait of Hormuz) पर नियंत्रण के दावों ने सप्लाई चेन को प्रभावित किया है।
  • OPEC में फूट: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) द्वारा करीब छह दशकों बाद तेल निर्यातक देशों के संगठन 'ओपेक' से अलग होने के फैसले ने बाजार में अनिश्चितता बढ़ा दी है।
  • अमेरिकी प्रतिबंध: ईरान पर अमेरिका की सख्त नाकाबंदी ने तेल की किल्लत को और गहरा कर दिया है।
HPCL का फैसला: आम आदमी पर नहीं पड़ेगा बोझ
1 मई को कमर्शियल गैस सिलेंडर के दामों में ₹993 की बड़ी वृद्धि के बाद आम जनता को डर था कि पेट्रोल-डीजल भी महंगे होंगे। लेकिन HPCL ने एक प्रेस रिलीज जारी कर साफ किया है कि:

    "हमने उपभोक्ता हितों को सर्वोपरि रखते हुए पेट्रोल, डीजल और 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमतों को स्थिर रखने का निर्णय लिया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ी लागत का बोझ ग्राहकों पर नहीं डाला जा रहा है और हमारे 80% उत्पादों के दाम यथावत रहेंगे।"

प्रमुख शहरों में आज के भाव (2 मई, 2026)

स्थानीय वैट (VAT) और करों के कारण देश के विभिन्न शहरों में ईंधन की दरें इस प्रकार हैं:

शहरपेट्रोल (₹/लीटर)डीजल (₹/लीटर)
तिरुवनंतपुरम107.4896.48
इंदौर106.8192.18
भोपाल106.5291.89
कोलकाता105.4192.02
मुंबई103.5490.03
बेंगलुरु102.9290.99
नई दिल्ली94.7787.67
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