इंदौर। कलेक्टर कार्यालय में आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि यह मंच न केवल समस्याओं के निराकरण का माध्यम है, बल्कि यह पात्र और प्रतिभावान लोगों के लिए एक नई उम्मीद की किरण भी है। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने जनसुनवाई के दौरान पहुंचे 300 से अधिक आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और उन्हें त्वरित न्याय व सहायता उपलब्ध कराई।
मेधावी छात्रा को मिला प्रोत्साहन
जनसुनवाई का सबसे प्रेरणादायी क्षण तब आया जब जिले की मेरिट टॉपर सुश्री कृष्णा खाजेकर अपने पिता श्री संतोष खाजेकर के साथ वहां पहुंचीं। दसवीं बोर्ड परीक्षा में 98.2 प्रतिशत अंकों के साथ जिले में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली इस मेधावी छात्रा की लगन देख कलेक्टर श्री वर्मा भावुक और उत्साहित दिखे। उन्होंने कृष्णा को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दीं और प्रोत्साहन स्वरूप उन्हें लैपटॉप प्रदान करने के निर्देश दिए। साथ ही, जिला प्रशासन की ओर से छात्रा को हर संभव शैक्षिक सहयोग का आश्वासन दिया गया।
रोजगार और आर्थिक सहायता से बदली तस्वीर
- रोजगार का अवसर: जनसुनवाई में पहुंचीं सुश्री दीपाली राठौड़ ने रोजगार के अभाव और आर्थिक कठिनाई की समस्या साझा की। कलेक्टर ने उनकी योग्यता को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को उन्हें उपयुक्त रोजगार उपलब्ध कराने के तत्काल निर्देश दिए।
- सराहनीय कार्यप्रणाली: श्रीमती उर्मिला सुनहरे ने विशेष रूप से जनसुनवाई में आकर प्रशासन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि पिछली जनसुनवाई में उन्हें मिली स्वास्थ्य एवं आर्थिक सहायता से उनके जीवन में बड़ा सकारात्मक बदलाव आया है।
प्रशासन की त्वरित पहल
जनसुनवाई में कुल 300 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें मुख्य रूप से संपत्ति विवाद, चिकित्सा सहायता, पारिवारिक समस्याएं और रोजगार से संबंधित मामले शामिल थे। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने सभी आवेदनों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण के लिए विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया।
इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री सिद्धार्थ जैन, अपर कलेक्टर श्री नवजीवन विजय पवार एवं श्री रिंकेश वैश्य सहित सभी वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
