इंदौर। शासकीय स्वशासी अष्टांग आयुर्वेद महाविद्यालय, इंदौर में अब चिकित्सा सुविधाएं और शोध कार्य नए स्तर पर पहुंचेंगे। उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री श्री इंदरसिंह परमार की अध्यक्षता में संपन्न हुई महाविद्यालय की साधारण सभा की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए, जो आयुर्वेद के क्षेत्र में इंदौर को एक नई पहचान दिलाएंगे।
बैठक के प्रमुख निर्णय और निर्देश:
- सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल: शहर में आयुर्वेद चिकित्सा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से 50 बिस्तरीय सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए हैं।
- ड्रग टेस्टिंग लैब: इंदौर स्थित निजी औषधि निर्माता कंपनियों की दवाओं की जांच के लिए महाविद्यालय परिसर में ही एक अत्याधुनिक टेस्टिंग लैब स्थापित की जाएगी।
- शैक्षणिक विस्तार: स्नातकोत्तर कक्षाओं की 100 सीटों के अनुपात में टीचिंग फैकल्टी की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
- शोध कार्य: मंत्री श्री परमार ने जनजातीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पाई जाने वाली औषधियों पर गहन शोध करने पर जोर दिया।
- नई सुविधाएं और भूमि आवंटन: महाविद्यालय एवं चिकित्सालय के विस्तार के लिए 20 एकड़ भूमि के प्रस्ताव को सहमति दी गई है। इस भूमि पर स्नातकोत्तर केंद्र, फार्मेसी, एनिमल हाउस, स्टाफ क्वार्टर, नक्षत्र गार्डन और वनौषधि उद्यान जैसी अत्याधुनिक सुविधाएं निर्मित की जाएंगी।
तकनीकी और सामुदायिक पहल:
- अत्याधुनिक उपकरण: बैठक के दौरान 6.50 लाख रुपये की लागत वाले 'ओ.टो.एनालाईजर' का उद्घाटन किया गया, जिससे एक साथ 40 रोगियों का रक्त परीक्षण संभव हो सकेगा।
- आयुर्वेद जनरल: महाविद्यालय द्वारा 'अष्टांग शोध ऑनलाइन जनरल' के प्रकाशन का शुभारंभ किया गया।
- जन जागरूकता: आयुष अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे गांवों में जाकर लोगों का प्रकृति परीक्षण करें और उन्हें रसोई के मसालों के औषधीय उपयोग के माध्यम से स्वस्थ रहने के तरीके सिखाएं।
बैठक में रहे उपस्थित:
इस महत्वपूर्ण बैठक में संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, विधायक श्री महेंद्र हार्डिया, महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजीतपाल सिंह चौहान सहित अन्य अधिकारी और साधारण सभा के सदस्य मौजूद रहे। मंत्री श्री परमार ने औषधीय पौधा रोपण कर कार्यक्रम की शुरुआत की और महाविद्यालय द्वारा किए जा रहे सेवा कार्यों की सराहना की।
यह निर्णय न केवल छात्रों के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार करेंगे, बल्कि आम नागरिकों को भी उच्च स्तरीय आयुर्वेदिक उपचार उपलब्ध कराएंगे।
