इंदौर: ओव्हरब्रिज निर्माण में देरी पर कलेक्टर सख्त, समय-सीमा में कार्य पूरा नहीं हुआ तो एजेंसी पर लगेगी पेनल्टी


इंदौर। इंदौर की यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए निर्माणाधीन प्रमुख ओव्हरब्रिजों का कार्य अब और अधिक गति पकड़ेगा। कलेक्टर श्री शिवम वर्मा ने बुधवार, 8 जुलाई 2026 को शहर के मुसाखेड़ी चौराहा, आईटी पार्क और देवास नाका ओव्हरब्रिज निर्माण स्थलों का औचक निरीक्षण किया और अधिकारियों को निर्माण कार्यों में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए।

निरीक्षण और समीक्षा के मुख्य बिंदु:
कलेक्टर श्री वर्मा ने नगर निगमायुक्त श्री क्षितिज सिंघल, अनुविभागीय अधिकारी श्री घनश्याम धनगर और एमपीआरडीसी (MPRDC) ब्रिज सेल के प्रबंधकों के साथ निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यातायात को सुगम बनाने की दृष्टि से इन परियोजनाओं का समयबद्ध पूरा होना अनिवार्य है।

कलेक्टर द्वारा दिए गए प्रमुख निर्देश:
  • समय-सीमा और गुणवत्ता: निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में ही पूर्ण हो और गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
  • पेनल्टी का प्रावधान: यदि ब्रिज निर्माण एजेंसी ने कार्य में सुस्ती दिखाई या पैदल चलने वाले नागरिकों के लिए सुविधाजनक पैसेज समय पर तैयार नहीं किए, तो एजेंसी पर सख्त आर्थिक दंड (पेनल्टी) लगाया जाएगा।
  • बारिश और यातायात प्रबंधन: बारिश के मौसम को देखते हुए निर्माण स्थलों के आसपास जल-भराव न हो, इसकी विशेष व्यवस्था की जाए। साथ ही, यातायात जाम की स्थिति न बने और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल पेंचवर्क (Patchwork) किया जाए।
  • नियमित मॉनिटरिंग: संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे प्रतिदिन निर्माण कार्यों की समीक्षा करें और प्रगति रिपोर्ट सुनिश्चित करें।
नागरिकों को मिलेगी राहत
कलेक्टर ने कहा कि ये तीनों ओव्हरब्रिज शहर की यातायात समस्याओं का स्थायी समाधान प्रदान करेंगे। प्रशासन इन कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग कर रहा है ताकि निर्माण के दौरान आम नागरिकों को आवागमन में किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
Previous Post Next Post

نموذج الاتصال